Total Pageviews

Saturday, October 22, 2011

समस्या हल - 5




समस्या हल ४ के लिए पुनः सदस्यों ने मनोहारी रचनाएँ भेजीं ... सभी एक से बढ़कर एक .. सभी बधाई के पात्र हैं !..... परन्तु विजेता तो एक ही हो सकता है ... काफी मशक्कत के बाद ज्यूरी ने पुनः भैया पिंटू को विजेता चुना है ! बधाई हो ...!









बच के रहना रे बाबा ....



.... तो अब आते हैं समस्या हल ५ पर..... इस बेमिसाल चित्र को देखिये .... बाहुबली कौशल भैया न जाने किस बात पर इस कदर खफा हुए हैं कि सावन में भी आग उगल रहे हैं ... और इस आग में झुलस कर रह गए हैं सिंह सदन के नायब!

..... इस मोहंचाबर को ज़रा लिख तो भेजिए !

*****PANKAJ K. SINGH 

3 comments:

psingh said...

झूलत है शहंशाह हमारे |
उन्हें झुलावत श्यामू प्यारे ||
कौन करे ये द्रश्य बखानी |
निरख रही मौसम की रानी (सावन) ||
कौशल ने गुस्ताखी की है
शहंशाह की नाराजगी ली है
श्याम कान्त जी, नज़रों इसे दूर हटाओ
शहंशाह को शान्त कराओ
इन्हें पिलाओ कोका ठंडा
वरना इस पर बजेगा डंडा

psingh said...

तुमने मेरा झूला छिना |
मोहे उतारि दूर करि दीना ||
अब तो जंग हो कर रहेगी |
खून बहे या बहे पसीना ||

SACHIN SINGH said...

SAKHI RI...

JHOOLA KHALI KARO
KI
SHAHANSHA AATE HAI...!!!!


UNKE AATE HI HO GAYI
SABKI SITTI PITTI GUM

JHOOLA KARI KARO DO BHAIYAA NAHI TO
SAAWAN MEI BHI LOG JAL JAATE HAI....